लोग अपमान क्यों करते हैं और फिर सामान्य बन जाते हैं जो इंसान आपको अपमानित करके फिर ऐसे बात करता है जैसे कुछ हुआ ही नहीं — वो मासूम नहीं है,वो मानसिक रूप से खतरनाक है।साइकोलॉजी इसेNormalization of Abuse कहती है।पहले वो आपको नीचा दिखाता है, ताने मारता है,आपकी भावनाओं को कुचलता है। फिर अगली ही पलहँसता है, सामान्य व्यवहार करता है, और उम्मीद करता है कि आप भी वैसे ही रहें।क्यों?क्योंकि वो देखना चाहता है — आप कितना सह सकती हैं। अगर आप चुप रहीं, तो उसे संकेत मिल जाता हैकि अगली बार वो और आगे जा सकता है। अपमान करके सामान्य हो जाना।एक चाल है — ताकि आप खुद सोचें “शायद मैंने ही ज़्यादा सोच लिया…” यहीं से महिलाअपनी इज़्ज़त से समझौता करना सीखती है।लेकिन सच्चाई यह है —जो इंसान आपको चोट पहुँचाकर शांत रह सकता है,वो आपकी भावनाओं को कभी गंभीरता से नहीं लेगा। अपमान एक बार हो सकता है, लेकिन जो उसे दोहराएऔर फिर सामान्य बने — वो आपको इंसान नहीं,आदत समझ रहा है। और आदत कोलोग बदलते नहीं, इस्तेमाल करते हैं।बहुत से लोगों को ये बात बुरी लग सकती है लेकिन ये पोस्ट किसी को बुरा लगने के लिए नहीं बनाया गया है साइकोलॉजी अवेयरनेस के लिए बनाया गया। #DarkPsychology#WomenPower#StrongWoman#SelfRespect#MentalAwareness#PowerPsychology